Best 36+ Jumma Mubarak Shayari 2 line (September 2022)

सलाम वालिकम आज मैं आप सभी के लिए अपने परिवार व दोस्तों को जुम्मा की मुबारक बात भेजने के लिए जुम्मा मुबारक शायरी दो लाइन में (Jumma Mubarak Shayari 2 line) लेकर आया हूँ |

यहाँ पर लिखी गयी सभी जुम्मा शायरी दो लाइन आप सभी को पसंद आने वाली है | जुम्मा शायरी दो लाइन हिन्दी में, उर्दू में तथा इंग्लिश में भी लिखी गयी है | जिस भाषा का आप प्रयोग अधिक करते है | उसी प्रकार जुम्मा की शायरी को कॉपी पेस्ट करके दोस्तों को जुम्मा की मुबारक बात दे सकते है |

Jumma Mubarak Shayari 2 line

Jumma Mubarak Shayari 2 line

ए खुदा बस यही गुजारीश है तुम से,
धन बरसे या ना बरसे पर,
रोटी या प्यार को कोई ना तरसे…

वो चमक चाँद में है न सितारों में हैं,
जो मदीने के दिलकश नज़ारों में है,
बेज़ुबान पत्थर को भी बक्श दी जुबान,
इतनी ताकत मेरे नबी के इशारों में है- जुमा मुबारक

इस्लाम जैसा कोई मजहब नहीं,
नमाज़ जैसी कोई इबादत नहीं और जुमा जैसा कोई दिन नहीं – जुमा मुबारक

इंसान का मुक़द्दर उतनी बार
बदलता है
जितनी बार वो अल्लाह से दुआ
करता है
जुम्मा मुबारक!!

कयामत तक रहे सर मेरा सजदे में या रब,
के तेरे नेमतों के शुक्र के लिए यह ज़िंदगी काफी नहीं – जुमा मुबारक

जीवन में कुछ अच्छे कर्म भी कर लिया करो,
गरीबों के लिए भी इक दुआ पढ़ लिया करो.
जुम्मा मुबारक शायरी

दुआ से इबादत है, दुआ से बरकत है,
दुआ से हिफाजत है,
दुआ से माफी है,
दुआ से जन्नत है,
दुआ में याद रखना क्यूंकी दुआ की बहुत जरूरत है- जुमा मुबारक

ऐ अल्लाह हम वो न कर सकें जो तू चाहता है,
हमें तौफीक अता कर के हम वो ना करें जो तू नहीं चाहता।

रब से जब भी मांगो रब को ही मांगो,
जब रब तुम्हारा होगा तो सब तुम्हारा होगा.

रमजान कार्ड की दुआ हिन्दी में यहाँ से पढे

Best Jumma Mubarak Shayari two line

हवाएं अगर मौसम
का रुख बदल सकती है
तो दुआएं भी मुसीबत
के पल बदल सकती है।

दुआओं में सबकी खुशिया माँग लिया करो,
जो दुआ नहीं पढ़ते है उनकी भी तकदीर संवार दिया करों…

या अल्लाह मेरी खुशी से ज्यादा तेरी रजा जरूरी है।
बेबस इंसान का सजदा ही बेबसी का इलाज है – जुमा मुबारक

इब्तदा हो कुछ इस तरह से तेरे नाम से या अल्लाह,
के दिन गुज़र जाए तेरे रहमतों के नुजूल से।

जब तुम्हें यकीन हो के खुदा हमेशा तुम्हारे साथ है तो,
तो फिर कोई फ़र्क नहीं पड़ता के कौन तुम्हारे खिलाफ है।

क्यूँ मन्नतें माँगता है औरों के दरबार से,
वो कौनसा काम है जो होता नहीं तेरे परवरदिगार से – जुमा मुबारक

या “अल्लाह” आज “जुमा” की “नमाज़”
के बाद जितने भी “हाथ” तेरी बारगाह
में “दुआ” के लिये उठे हे सब की
“दुआ” कबुल फरमा
Jumma Mubarak!!

दुआ माँग लिया करो दवा से पहले,
कोई नही देता शिफ़ा खुदा से पहले.
शिफ़ा = सेहत, स्वास्थ, आरोग्य

Jumma Mubarak Shayari 2 line in Hindi

ऐ ख़ुदा मौका देना सफर-ए-मक्का का,
सुना है जन्नत जैसा नजारा है वहाँ का…
जुम्मा मुबारक !

खुदा की रहमत सबपर बरसे,
दो वक्त की रोटी की लिए कोई ना तरसे।

या अल्लाह ! जो बीमार हैं उनको शिफ़ा ए कामिल अता फ़रमा दे,
जो परेशान हैं उनकी परेशानियों को दूर कर दे।

दुआओं में सबकी खुशिया माँग लिया करो,
जो दुआ नहीं पढ़ते है उनकी भी तकदीर संवार दिया करों.
Jumma Mubarak Ho

इबादत इसलिए मत करो की
इबादत का हुक्म है,
बल्कि इसलिए करो की अल्लाह
इबादत के लायक है।

जुम्मा मुबारक!!दो ही चीजें ऐसी है जिसमे किसी का कुछ नहीं जाता,
एक ‘मुस्कुराहट’ और दूसरी ‘दुआ’ हमेशा बांटते रहिए – जुमा मुबारक

जुम्मा मुबारक
“सब कुछ मिल जाता है
दुनिया में मगर,
याद रखना की बस
माँ-बाप नहीं मिलते ;
मुरझा कर जो गिर जाये
एक बार डाली से,
ये ऐसे फूल है जो फिर
नहीं खिलते…!”

नहीं मायूस मैं अपने खुदा से,
बदल जाती है किस्मत दुआ से

ऐ लोगों ! जुमा छोड़ने से बाज़ आ जाओ,
वरना अल्लाह दिलों पर मोहर लगा देगा,
फिर यकीनन वो गाफिल लोगों से हो जाएंगे- जुमा मुबारक

Jumma Mubarak Shayari 2 line in Urdu

Dunya Main Sakun Ki Talash He Ya Allah Tera Banda Bahot Uddas Hy Dhoond Raha Hai Insan Rahat Duniya Main Jb Kay Sary Masle Ka Haal NAMAZ Hai . . . Jummah Mubarak Wishes

ise Barse Aaj Tum Pr Reham O Karam Ki Barsaat Keh Khuda Ky Reham oh Karaam Sy Aaj Tumhri Koi Bhi Dua Raad Na Ho Aameen . . . Jumma Mubarak

Main Kese Man Loon Ke Koi Mera Nahi Raha
Jab Tak Khuda Ki Zaat Hai Tanha Nahi Hoon Main
Happy Friday Friends

Ye agar hota mera naseeb To khush tar hota Me tere gumbad-e-khizra ka Kabootar hota . . . Jummah Mubarak!

Jumma Mubarak Shayari 2 line in English

Kar Leta Hoon Bardast Har Dard Esi Aas Ke Sath
Khuda Noor Barsata Hai Aazmayso Ke Baad

Ya Rab Unaka Sada Laazawaab Rakhana
Main Unse Door Hoon Unaka Khyaal Rakhana
Mere Jab Bhee Haath Uthe Yahi Dua Nikle
Unke Gird Hamesha Khushiyon Ka Jaal Rakhana

Kaash Unko Bhi Yaad Aaau Mai Jumma Ki Duaa Me
Jo Aksar Kahte Hai Mujhse Duaa Me Yaad Rakhna

Tasveer E Kainaat Ka Aks Hain Allaah
Dil Ko Jo Jaga De Vo Ehasaas Hain Allaah
E Baanda E Momin Tera Dil Kyon Udaas Hain
dil Se Zara Pukaar Tere Paas Hain Allaah.

Ya Allah Aaj Jumma Ki Namaz Ke Bad
Jitne Bhi Hat Teri Bargah Me Dua Ke Liye Uthe Hai Sabki Dua Qabool Farma

Assalamu Alaikum Jumma Mubarak Dua Mein Yaad Rakhna

Ae Allah Ek Mauka Hum Ko Bhi De Sahare-Makka Ka
Suna Hain Tere Ghar Aur Jannat Mein Koi Farak Nahin

Allah Ke Huzoor Mein Sar Ko Jhuka Ke Dekh
milta Hai Kya Namaz Mein Sajde Mein Ja Ke Dekh

Namaz To Wo Shaan Hai Jo Rok Dete Hain Tawaf-E-Kaba Ko E Insaan
Tere Kamo Ki Kya Aukat Hai Jis Ke Lie Too Namaaz Ko Chhor Deta Hain.

अंतिम दो लाइन

आज मैंने यहाँ पर जुम्मा मुबारक शायरी दो लाइन में (Jumma Mubarak Shayari 2 line) हिन्दी में लिखी है | जुम्मा मुबारक शायरी दो लाइन में उर्दू व अँग्रेजी में भी लिखी है | आपको जरूर पसंद आएगी |

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